पहली कॉल से बिदाई तक: बंधन में एक बिहाइंड-द-सीन दिन
श्री विजय कुमार सोनी· 28 जून 2026· 1 मिनट पढ़ाई
लोग सुंदर फ़ोटो देखते हैं, पर उनके पीछे की मेहनत शायद ही। आइए, मैं आपको बंधन में एक शादी के दिन से गुज़ारूँ — शांत सुबह के सेटअप से लेकर रात की भावुक बिदाई तक।
सुबह: तूफ़ान से पहले की शांति
सूरज उगते ही मेरी टीम काम पर होती है — मंडप सजाना, स्टेज लगाना, लाइट व साउंड जाँचना। रसोई शुरू हो जाती है। पहले मेहमान के आने से घंटों पहले सब तैयार होना चाहिए।
दोपहर: आगमन
- संगीत व गर्मजोशी से बारात का स्वागत
- मेहमानों को पार्किंग, सीटिंग व जलपान तक पहुँचाना
- कैटरिंग काउंटर व सजावट की आख़िरी जाँच
शाम: जश्न
यही वह समय है जब सब जीवंत हो उठता है — रस्में, डिनर, नाच। मेरी टीम अदृश्य पर हर जगह रहती है, सब कुछ चलाते हुए, ताकि परिवार बस आनंद ले।
रात: बिदाई
किसी भी शादी का सबसे भावुक पल। हम इसे शांत व गरिमामय बनाते हैं — और चुपचाप, हम पहले से सोच रहे होते हैं कि अगले परिवार का दिन भी उतना ही परफेक्ट कैसे बनाएँ।
बंधन के हर आयोजन में यही लगता है। अगर आप इसे स्वयं देखना चाहें, तो आइए — मुझे आपको दिखाने में सम्मान होगा।

लेखक
श्री विजय कुमार सोनी
संस्थापक व मालिक · Bandhan Marriage Hall
श्री विजय कुमार सोनी बंधन मैरिज हॉल, गढ़वा के संस्थापक व मालिक हैं — 2021 में NH-39, बिशुनपुर पर खोला गया ज़िले का पहला 500+ क्षमता वाला विवाह व इवेंट वेन्यू। वे हर आयोजन — शादी, रिसेप्शन से लेकर कॉर्पोरेट इवेंट व निजी पार्टियों तक — खुद संभालते व देखरेख करते हैं।



